Jharkhand Bandh: सोमा मुंडा हत्याकांड से लोगों में उबाल, 17 जनवरी को झारखंड बंद का किया ऐलान

Spread the love

Jharkhand Bandh: खूंटी के जाने-माने आदिवासी नेता और सामाजिक कार्यकर्ता सोमा मुंडा की हत्या के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने से आदिवासी समाज में जबरदस्त नाराजगी है. इसी आक्रोश के बीच आदिवासी संगठनों ने 17 जनवरी को झारखंड बंद का ऐलान किया है. बंद की औपचारिक घोषणा आदिवासी जनपरिषद के अध्यक्ष प्रेमशाही मुंडा ने की.

प्रेमशाही मुंडा ने कहा कि सोमा मुंडा सिर्फ एक व्यक्ति नहीं थे, बल्कि वे पूरे आदिवासी समाज की बुलंद आवाज थे. जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए उन्होंने जिंदगी भर संघर्ष किया. हत्या के कई दिन गुजर जाने के बावजूद पुलिस के हाथ खाली होना प्रशासन की गंभीर लापरवाही को दिखाता है. इसी कारण आदिवासी समाज खुद को अपमानित और असुरक्षित महसूस कर रहा है.

Ranchi Breaking: लापता अंश-अंशिका रामगढ़ में मिले, SP खुद लेने रवाना

जल-जंगल-जमीन आंदोलन से गहराई से जुड़े थे सोमा मुंडा

सोमा मुंडा आदिवासी समाज में एक जाना-पहचाना और सम्मानित नाम थे. वे जल, जंगल और जमीन से जुड़े अधिकारों को लेकर लगातार आंदोलन और जागरूकता अभियान चलाते रहे. आदिवासी संगठनों का कहना है कि उनकी हत्या आदिवासी समाज के अस्तित्व और उसके संवैधानिक अधिकारों पर सीधा हमला है. यही वजह है कि झारखंड बंद के जरिए सरकार और प्रशासन पर दबाव बनाने का फैसला लिया गया है.

रांची में ईडी अफसरों पर गंभीर आरोप! पूछताछ के दौरान मारपीट का दावा, थाने में शिकायत

इन संगठनों ने बंद को दिया समर्थन

17 जनवरी को होने वाले झारखंड बंद को आदिवासी महासभा, केंद्रीय सरना समिति, अखिल भारतीय आदिवासी विकास परिषद, आदिवासी समन्वय समिति, संपूर्ण आदिवासी समाज, झारखंड लोकतांत्रिक मोर्चा सहित एक दर्जन से ज्यादा संगठनों ने समर्थन दिया है. सभी संगठनों ने एकजुट होकर सड़कों पर उतरकर न्याय की मांग को बुलंद करने का संकल्प लिया है.

Whatsapp
Whats app

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top