प्यार से कत्ल तक, जिस भाभी से किया प्रेम, उसी ने पति संग मिल छीन ली जिंदगी
Crime News: रांची के तमाड़ थाना क्षेत्र अंतर्गत लोधमा गांव में रिश्तों को कलंकित करने वाली एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. प्रेम संबंध और शादी के विवाद ने ऐसा खौफनाक मोड़ ले लिया, कि एक महिला ने अपने पति के साथ मिलकर अपने ही चचेरे देवर की जहर देकर हत्या कर दी. पुलिस ने मामले की गहन जांच के बाद दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर साजिश का पर्दाफाश कर दिया है.
नाराजगी ने दिया हत्या की साजिश को जन्म
बुंडू डीएसपी ओमप्रकाश के अनुसार, मृतक शंकर नायक के माता-पिता का करीब एक वर्ष पहले बीमारी से निधन हो गया था. इसके बाद शंकर घर में अकेला रहने लगा. उसकी चचेरी भाभी गीता देवी ही घर के काम-काज और भोजन की जिम्मेदारी संभालती थी. इसी दौरान दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और यह रिश्ता प्रेम प्रसंग में बदल गया.
कुछ समय बाद शंकर नायक ने शादी कर नया जीवन शुरू करने का फैसला किया और लड़की देखने भी जाने लगा. यह बात गीता देवी को नागवार गुजरी. उसे डर था कि शादी के बाद शंकर उससे दूर हो जाएगा. इसी आशंका और नाराजगी ने हत्या की साजिश को जन्म दिया. गीता देवी ने अपने पति बलदेव मछुवा के साथ मिलकर शंकर को रास्ते से हटाने की योजना बना डाली.
शक से बचने के लिए रची गई चालाक साजिश
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि 6 फरवरी को शंकर नायक को चाय में कीटनाशक मिलाकर पिलाया गया. लोगों को गुमराह करने के लिए वही चाय गीता देवी ने अपने पति को भी दी, लेकिन पहले से उसे चाय न पीने की हिदायत दे दी थी. बाद में बलदेव मछुवा ने तबीयत बिगड़ने का नाटक किया और इलाज के बहाने बुंडू अस्पताल पहुंच गया, ताकि किसी को शक न हो.
चाय पीने के कुछ ही देर बाद शंकर नायक की हालत अचानक बिगड़ गई. उसके मुंह से झाग निकलने लगा. गंभीर स्थिति में उसका भाई सुकरा नायक उसे इलाज के लिए एमजीएम अस्पताल, जमशेदपुर लेकर गया, जहां इलाज के दौरान उसी दिन उसकी मौत हो गई. अस्पताल में ही शव का पोस्टमार्टम कराया गया.
भाई की शिकायत से खुला राज
पोस्टमार्टम के बाद 7 फरवरी को शव गांव लाया गया. मौत को संदिग्ध मानते हुए मृतक के भाई सुकरा नायक ने 9 फरवरी को तमाड़ थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई. आवेदन के आधार पर तमाड़ थाना कांड संख्या 11/2026 के तहत बीएनएस की धारा 103(1), 123 और 3(5) के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया.
मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएसपी ओमप्रकाश के नेतृत्व में विशेष जांच टीम गठित की गई. थाना प्रभारी प्रवीण कुमार मोदी और पुलिस टीम ने साक्ष्य, तकनीकी जांच और पूछताछ के आधार पर पूरे घटनाक्रम का खुलासा किया. जांच में यह साफ हुआ कि हत्या पूरी तरह से पूर्व नियोजित साजिश के तहत की गई थी.
पुलिस ने आरोपी गीता देवी (35 वर्ष) और उसके पति बलदेव मछुवा (38 वर्ष), दोनों निवासी लोधमा गांव, थाना तमाड़, जिला रांची को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है.

