ठंडी हवा, पहाड़, झरने और सुकून, सर्दी में घूमने के लिए झारखंड की ये जगह दिल जीत लेगी
Netarhat Best Winter Destination in Jharkhand: सर्दियों का मौसम चल रहा है और ऐसे मौसम में सनसेट देखने का मजा ही कुछ और है. ऊंचे पहाड़, आसपास हरियाली ही हरियाली और सबसे जरूरी भीड़-भाड़ से दूर ऐसे जगहों पर फिर तो छुट्टियों का अलग ही आनंद आ जाता है. प्रकृति की सुंदर नजारें आंखों में कुछ इस कदर बस जाते हैं, कि दिल करता है सब छोड़-छाड़ कर बस यही ठहर जाओ. ऐसे में अगर आप भी दिनभर के ऑफिस और घर की टेंशन से दूर किसी ऐसे ही जगह की तलाश में हैं, तो फिर झारखंड का नेतरहाट एकदम परफेक्ट जगह है. ठंडी हवा, चारों ओर हरियाली, ऊंचे पहाड़, खूबसूरत नजारों से घिरे नेतरहाट को छोटानागपुर का क्वीन भी कहा जाता है. यहां आकर खूबसूरत सनराइज–सनसेट देखने में अलग ही आनंद है.
सनराइज और सनसेट का जादू
खूबसूरत वादियों से घिरे नेतरहाट की सबसे बड़ी खासियत सनराइज और सनसेट पॉइंट है. यहां के कोयल व्यू प्वाइंट में सुबह पहाड़ों के पीछे से निकलता सूरज और मैग्नोलिया प्वाइंट में शाम को ढलते सूरज को देखने के लिए पर्यटक दूर-दूर से आते हैं. सर्दियों में तो ये नजारे और भी शानदार नजर आते हैं. उगते और डूबते सूरज का शानदार नजारा मन को मोहित कर लेता है.
पिकनिक के लिए परफेक्ट लोकेशन
नेतरहाट फैमिली, दोस्तों और कपल्स सभी के लिए एक बेहतरीन पिकनिक स्पॉट है. खुले मैदान, शांत वातावरण और प्राकृतिक सुंदरता के बीच बैठकर समय बिताना सर्दियों की छुट्टियों को यादगार बना देता है. यहां सिर्फ सनराइज और सनसेट पॉइंट ही नहीं, बल्कि अपर और लोअर घाघरी झरना है, जहां घने जंगलों के बीच से गिरते झरने की आवाज और प्राकृतिक सुंदरता मनमोहक होती है. लोध झरना, जिसे झारखंड का सबसे ऊंचा झरना कहा जाता है, नेतरहाट से थोड़ी दूर पर ही है, उसे देखने में अलग ही आनंद आता है. वहीं, यहां का चीड़ वन प्रकृति के बीच होने का अलग ही अलग एहसास कराता है.
कैसे पहुंचें?
नेतरहाट रांची से लगभग 150 किमी की दूरी पर स्थित है. ऐसे में आप आराम से सड़क मार्ग से भी यहां पहुंच सकते हैं. सर्दियों में रोड ट्रिप का आपको अलग ही मजा आएगा, क्योंकि रास्ते में आपको हरियाली और पहाड़ी नजारे देखने को मिलेंगे.
ठहरने की सुविधा
नेतरहाट में अगर आप रुकना चाहते हैं, तो यहां ठहरने की भी सुविधा आपको मिलेगी. आपको बजट होटल से लेकर सरकारी गेस्ट हाउस तक कई ऑप्शन मिल जाएंगे.

