मंईयां सम्मान योजना का अब तक नहीं मिला लाभ? तो फिर डॉक्यूमेंट्स कर लीजिए तैयार, नये लाभुकों को जोड़ने के लिए फिर खुल सकता है पोर्टल
झारखंड सरकार की मंईयां सम्मान योजना के तहत 17वीं किस्त जारी होने के बाद अब लाखों महिला लाभुकों की नजरें 18वीं किस्त पर टिकी हुई हैं. इस योजना के जरिए राज्य की महिलाओं को हर महीने ₹2500 की आर्थिक सहायता दी जा रही है, जिससे वे अपनी दैनिक जरूरतों को बेहतर तरीके से पूरा कर पा रही हैं. हालांकि, राज्य में कई ऐसी पात्र महिलाएं भी हैं जो उम्र सीमा या जरूरी दस्तावेजों की कमी के कारण इस योजना से वंचित हैं. इसी बीच इससे जुड़ी एक जानकारी सामने आई है, कि 18 फरवरी से 19 मार्च तक चलने वाले झारखंड विधानसभा बजट सत्र में सरकार इस योजना के बजट में इजाफा कर सकती है.
बजट बढ़ा तो जोड़े जा सकते हैं नये लाभार्थी
अगर हेमंत सरकार मंईयां सम्मान योजना के लिए बजट में बढ़ोतरी करती है, तो नए लाभार्थियों को जोड़ने के लिए रजिस्ट्रेशन पोर्टल एक बार फिर खोला जा सकता है. गौरतलब है कि इससे पहले दिसंबर 2025 में पोर्टल खोला गया था, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं ने आवेदन किया था और अब वे अपनी पहली किस्त का इंतजार कर रही हैं.
ऐसी महिलाएं जो पात्र होने के बावजूद अब तक आवेदन नहीं कर पाई हैं, उन्हें अभी से अपने दस्तावेज तैयार रखने की सलाह दी जा रही है. फिलहाल इस योजना का लाभ करीब 56 लाख महिलाएं उठा रही हैं.
मंईयां सम्मान योजना की पात्रता शर्तें
- आवेदक महिला की आयु 18 से 50 वर्ष के बीच होनी चाहिए.
- महिला झारखंड की स्थायी निवासी हो.
- परिवार की वार्षिक आय ₹8 लाख से कम हो.
- परिवार का कोई भी सदस्य आयकर दाता या सरकारी कर्मचारी नहीं होना चाहिए.
आवेदन के लिए जरूरी दस्तावेज
- आधार कार्ड
- राशन कार्ड
- बैंक पासबुक
- वोटर आईडी
- पासपोर्ट साइज फोटो
मुख्यमंत्री खुद रख रहे हैं योजना पर नजर
मंईयां सम्मान योजना को झारखंड सरकार की सबसे महत्वाकांक्षी योजनाओं में गिना जाता है. राजनीतिक जानकारों का मानना है कि 2024 के विधानसभा चुनाव में जेएमएम गठबंधन की जीत में इस योजना की अहम भूमिका रही. यही वजह है कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन स्वयं इस योजना की निगरानी कर रहे हैं और इसके क्रियान्वयन में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं चाहते.

