राशन कार्ड धारकों के लिए बड़ा बदलाव! जनवरी 2026 से बदल जाएगा गेहूं-चावल का हिसाब
Inlive247 Desk: राशन कार्ड धारकों के लिए एक अहम और राहत भरी खबर है. खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के तहत आने वाले लाभुकों के लिए जनवरी 2026 से खाद्यान्न वितरण व्यवस्था में बड़ा बदलाव करने का फैसला किया है. नए साल से गेहूं और चावल का अनुपात बदल जाएगा और लाभुकों को नए फार्मूले के तहत राशन मिलेगा.
जनवरी से बदलेगा राशन का अनुपात
अब तक अंत्योदय और सामान्य श्रेणी के लाभुकों को 1:4 के अनुपात में गेहूं और चावल दिया जा रहा था. यानी गेहूं कम और चावल ज्यादा. लेकिन केंद्र सरकार के निर्देश के बाद इस अनुपात को 2:3 कर दिया गया है. इसके बाद बिहार सरकार ने भी इस बदलाव को लागू करने के आदेश जारी कर दिए हैं.
अभी कैसी है राशन की व्यवस्था
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत फिलहाल लाभुकों को 1:4 के अनुपात में खाद्यान्न मिल रहा है. अंत्योदय अन्न योजना (AAY) के तहत प्रति परिवार हर महीने कुल 35 किलोग्राम राशन दिया जाता है, जिसमें 7 किलो गेहूं और 28 किलो चावल शामिल है. वहीं प्राथमिक गृहस्थी (PHH) श्रेणी के लाभुकों को प्रति व्यक्ति प्रति माह 5 किलो राशन मिलता है, जिसमें 1 किलो गेहूं और 4 किलो चावल होता है.
केंद्र के फैसले के बाद राज्य का निर्णय
हाल ही में उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय की ओर से खाद्यान्न की मदवार मात्रा में बदलाव किया गया. इसके बाद राज्य सरकार ने तय किया है कि जनवरी 2026 के वितरण चक्र से 1:4 की जगह 2:3 के अनुपात में राशन बांटा जाएगा.
जनवरी 2026 से क्या मिलेगा नया राशन
नए नियम लागू होने के बाद राशन की तस्वीर कुछ इस तरह होगी-
अंत्योदय अन्न योजना (AAY) के लाभुकों को प्रति परिवार हर महीने कुल 35 किलो राशन मिलेगा, जिसमें 14 किलो गेहूं और 21 किलो चावल होगा.
PHH श्रेणी के लाभुकों को प्रति व्यक्ति प्रति माह 5 किलो राशन मिलेगा, जिसमें 2 किलो गेहूं और 3 किलो चावल शामिल रहेगा.
दिसंबर 2025 तक पुरानी व्यवस्था जारी
ध्यान देने वाली बात यह है कि दिसंबर 2025 तक राशन वितरण की मौजूदा व्यवस्था ही लागू रहेगी. नया अनुपात जनवरी 2026 से प्रभावी होगा.
अंत्योदय परिवारों को मिलेगा ज्यादा गेहूं
इस बदलाव के बाद अंत्योदय परिवारों को पहले के मुकाबले ज्यादा गेहूं और थोड़ा कम चावल मिलेगा. अब तक जहां उन्हें 7 किलो गेहूं मिलता था, वहीं जनवरी से यह बढ़कर 14 किलो हो जाएगा. कुल राशन की मात्रा पहले की तरह 35 किलो ही रहेगी. कुल मिलाकर, नए साल से राशन की थाली में गेहूं की हिस्सेदारी बढ़ने वाली है, जो कई परिवारों के लिए राहत की खबर मानी जा रही है.


