New Delhi : केंद्र में तीसरी बार मोदी सरकार बनने के बाद बुधवार को कैबिनेट की बैठक में कई अहम फैसले लिए गए. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट ने 14 खरीफ फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) बढ़ाने को मंजूरी दे दी है. सरकार ने कहा कि खरीफ फसलों के MSP में 2024-25 के लिए बढ़ोतरी की गई है, ताकि उत्पादकों को उनकी उपज का लाभकारी मूल्य सुनिश्चित किया जा सके.
एक सरकारी विज्ञप्ति में कहा गया है कि MSP में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी तिलहन और दलहन के लिए की गई है, जिसमें नाइजरसीड (रामतिल) में 983 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी, इसके बाद तिल में 632 रुपये प्रति क्विंटल और अरहर दाल में 550 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी शामिल है.
कैबिनेट के फैसले की घोषणा करते हुए केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा, “आज के फैसले से किसानों को MSP के तौर पर करीब 2 लाख करोड़ रुपये मिलेंगे. यह पिछले सीजन से 35,000 करोड़ रुपये ज्यादा है.” सरकार के मुताबिक धान की एमएसपी 2300 रुपये प्रति क्विंटल तय की गई है, जो पिछले साल से 117 रुपये ज्यादा है. तुअर दाल की एमएसपी 7550 रुपये प्रति क्विंटल होगी, जो पिछले साल से 550 रुपये ज्यादा है. उड़द दाल की एमएसपी 7400 रुपये प्रति क्विंटल होगी, जो पिछले साल से 450 रुपये ज्यादा है. मूंग की एमएसपी 8682 रुपये प्रति क्विंटल होगी, जो पिछले साल से 124 रुपये ज्यादा है. मूंगफली की एमएसपी 6783 रुपये प्रति क्विंटल होगी, जो पिछले साल से 406 रुपये ज्यादा है. कपास की एमएसपी 7121 रुपये प्रति क्विंटल होगी, जो पिछले साल से 501 रुपये ज्यादा है. ज्वार की एमएसपी 3371 रुपये प्रति क्विंटल होगी, जो पिछले साल से 191 रुपये ज्यादा है. बाजरा की एमएसपी 2625 रुपये प्रति क्विंटल होगी, जो पिछले साल से 125 रुपये ज्यादा है. और मक्का का एमएसपी 2225 रुपये प्रति क्विंटल होगा, जो पिछले साल से 135 रुपये अधिक है. इनके अलावा रागी का नया एमएसपी 4290 रुपये प्रति क्विंटल, तिल का एमएसपी 8717 रुपये और सूरजमुखी का नया एमएसपी 7230 रुपये प्रति क्विंटल रखा गया है.
वाराणसी एयरपोर्ट के विस्तार को मंजूरी
कैबिनेट ने वाराणसी में लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के विस्तार को भी मंजूरी दे दी है. वर्तमान में वाराणसी एयरपोर्ट की क्षमता 39 लाख यात्री प्रति वर्ष है. 2025-2026 तक इसमें उल्लेखनीय वृद्धि होगी. इसे देखते हुए एयरपोर्ट की क्षमता बढ़ाने के लिए 75,000 वर्ग मीटर का नया टर्मिनल भवन बनाने का निर्णय लिया गया है. इसकी क्षमता 60 लाख यात्री प्रति वर्ष होगी और पीक ऑवर में यह टर्मिनल 5000 यात्रियों का भार संभाल सकेगा. इसमें प्राकृतिक प्रकाश और नवीकरणीय ऊर्जा का उपयोग किया जाएगा. इसमें वाराणसी की सांस्कृतिक विरासत को दिखाया जाएगा. एयरपोर्ट के रनवे का भी विस्तार किया जाएगा. इसे बढ़ाकर 4075 मीटर लंबा किया जाएगा.
महाराष्ट्र के वधावन पोर्ट के लिए 76,200 करोड़ रुपये मंजूर
महाराष्ट्र के वधावन पोर्ट के लिए 76,200 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं. इस पोर्ट से 12 लाख रोजगार के अवसर पैदा होंगे. कैबिनेट ने महाराष्ट्र के वधावन में 76200 करोड़ रुपये की लागत से डीप ग्रीनफील्ड पोर्ट के निर्माण को मंजूरी दी है. यह पोर्ट भारत-मध्य पूर्व कॉरिडोर के लिए महत्वपूर्ण होगा. इस पोर्ट में दुनिया के शीर्ष 10 पोर्ट में शामिल होने की क्षमता है.
विंड टर्मिनल प्रोजेक्ट को भी मंजूरी
कैबिनेट ने 1 गीगावाट ऑफ शोर विंड टर्मिनल प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है. इसके तहत गुजरात में 500 मेगावाट की 1 परियोजना और तमिलनाडु में 500 मेगावाट की एक अन्य परियोजना को मंजूरी दी गई है. दोनों परियोजनाओं में 7453 करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा. गुजरात में 4.5 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिजली मिलेगी. वहीं, तमिलनाडु में 4 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिजली मिलेगी. राष्ट्रीय फोरेंसिक इंफ्रास्ट्रक्चर संवर्धन योजना को भी मंजूरी मोदी सरकार 3.0 कैबिनेट ने राष्ट्रीय फोरेंसिक इंफ्रास्ट्रक्चर संवर्धन योजना (NFIES) को मंजूरी दे दी है. इससे प्रभावी आपराधिक न्याय प्रणाली में मदद मिलेगी. इससे समय पर और वैज्ञानिक तरीके से फोरेंसिक जांच तकनीकों में मदद मिलेगी. 28 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में ऑफ-कैंपस, अच्छी तरह से सुसज्जित प्रयोगशाला स्थापित करने के लिए राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय को मंजूरी दी गई है. जिसमें हर साल 9000 छात्रों को प्रशिक्षित करने की क्षमता होगी.
