रिम्स में इलाज हुआ महंगा! OPD पर्ची की फीस दोगुनी, नए कैंपस और सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल का रास्ता साफ
Ranchi : राज्य के सबसे बड़े हॉस्पिटल रिम्स में इलाज कराने वालों को अब थोड़ा ज्यादा खर्च करना होगा. आने वाले दिनों में रिम्स के बाह्य रोगी विभाग (OPD) में पर्ची कटवाने के लिए अब 5 रुपये नहीं, बल्कि 10 रुपये चुकाने होंगे. यह फैसला रिम्स शासी परिषद की 64वीं बैठक में लिया गया है. अब मरीजों को डॉक्टर से परामर्श लेने से पहले 10 रुपये का रजिस्ट्रेशन शुल्क देना होगा.
शासी परिषद की बैठक में 18 एजेंडों पर चर्चा
रिम्स शासी परिषद की 64वीं बैठक में कुल 18 अहम एजेंडों पर विस्तार से चर्चा हुई. बैठक के दौरान OPD शुल्क को 20 रुपये तक बढ़ाने का प्रस्ताव भी सामने आया, लेकिन सदस्यों के विरोध के बाद इसे सदर अस्पताल, रांची की तर्ज पर 10 रुपये तक ही सीमित रखने पर सहमति बन गई. इसके अलावा बैठक में रिम्स के बुनियादी ढांचे के विस्तार और कई प्रशासनिक फैसलों पर भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए.
कैंपस थ्री के निर्माण को मिली मंजूरी
बैठक में रिम्स कैंपस थ्री (DIG ग्राउंड) के निर्माण पर भी मुहर लगा दी गई. इस नए कैंपस में OPD और IPD (वार्ड) कॉम्प्लेक्स के साथ-साथ 50 बेड का सुपर स्पेशियलिटी यूनिट बनाया जाएगा. अधिकारियों के मुताबिक, यह परियोजना रिम्स के विस्तार और भविष्य में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है.
पुरानी बिल्डिंग हटेगी, बनेगा नया आधुनिक भवन
करीब 60 साल पुरानी रिम्स की मौजूदा बिल्डिंग को तोड़कर उसकी जगह नया और आधुनिक भवन बनाने का भी फैसला लिया गया है. नया भवन पूरी तरह तैयार होने के बाद OPD और IPD सेवाओं को वहीं शिफ्ट किया जाएगा. इसके बाद कैंपस थ्री को 500 बेड का सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल घोषित करने की योजना है. इससे मरीजों को बेहतर इलाज की सुविधा मिलेगी और रिम्स की क्षमता में भी बड़ा इजाफा होगा.
63वीं बैठक के फैसलों पर लगी अंतिम मुहर
शासी परिषद की 63वीं बैठक में लिए गए कई फैसलों को अब अंतिम रूप से मंजूरी दे दी गई है, क्योंकि वे अब तक ज़मीन पर नहीं उतर पाए थे. हालांकि नगर निकाय चुनाव के चलते बैठक तो हुई, लेकिन जीबी अध्यक्ष सह स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी और रिम्स निदेशक डॉ. राजकुमार ने इन फैसलों की विस्तृत जानकारी मीडिया के साथ साझा नहीं की.
बैठक में शामिल रहे ये अहम चेहरे
इस अहम बैठक में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी, कांके विधायक सुरेश बैठा, स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह, वित्त विभाग के निदेशक, रिम्स निदेशक डॉ. राजकुमार और पर्यवेक्षक के रूप में झारखंड हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश जस्टिस अमरेश्वर सहाय मौजूद रहे.
जीडीएमओ की नियुक्ति पर भी बड़ा फैसला
बैठक में जनरल ड्यूटी मेडिकल ऑफिसर (GDMO) की नियुक्ति को लेकर भी अहम निर्णय लिया गया. तय किया गया कि सरकारी अस्पतालों में तैनात GDMO को मिलने वाली सैलरी के बराबर वेतन पर ही नई नियुक्तियां होंगी. पदोन्नति को लेकर पहले पांच साल का प्रस्ताव था, लेकिन चर्चा के बाद छह साल में पदोन्नति पर सहमति बनी.
मरीजों की सुविधा और कल्याण पर जोर
शासी परिषद ने अस्पताल की रोगी कल्याण मद में आय बढ़ाने, साफ-सफाई व्यवस्था को बेहतर करने, बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और सुविधाओं के बेहतर रखरखाव पर भी जोर दिया. अधिकारियों का मानना है कि इन फैसलों से रिम्स में इलाज कराने आने वाले मरीजों को बेहतर माहौल और सुविधाएं मिलेंगी.

